ICSE परीक्षा में बार-बार पूछे जाने वाले प्रमुख अशुद्धि वर्ग एवं समाधान:
वाक्य की अशुद्धियाँ प्रायः लिंग, वचन, कारक, पदक्रम, अनावश्यक शब्दों और मुहावरों के गलत प्रयोग से उत्पन्न होती हैं। बोर्ड परीक्षा के दृष्टिकोण से प्रमुख नियमों का विस्तृत विश्लेषण:
क. सकर्मक भूतकाल में 'ने' का शुद्ध प्रयोग (Ergative Case Rules):
- भूतकाल की सकर्मक क्रियाओं में कर्ता के साथ 'ने' का प्रयोग होता है और क्रिया कर्ता के अनुसार न होकर कर्म के लिंग-वचन के अनुसार बदलती है।
- अशुद्ध: राम ने रोटी खाया।
शुद्ध: राम ने रोटी खाई। ('रोटी' स्त्रीलिंग कर्म है, अतः क्रिया स्त्रीलिंग होगी) - अशुद्ध: सीता ने एक पत्र लिखी।
शुद्ध: सीता ने एक पत्र लिखा। ('पत्र' पुल्लिंग कर्म है) - अपवाद: बोलना, भूलना, लाना, समझना अकर्मक की भाँति प्रयुक्त होते हैं और इनमें 'ने' नहीं लगता; जैसे—'वह पुस्तक लाया' (न कि 'उसने पुस्तक लाया')।
ख. पुनरुक्ति दोष / अनावश्यक शब्दों का प्रयोग (Redundancy Errors):
| अशुद्ध वाक्य (Incorrect) | शुद्ध वाक्य (Correct) | अशुद्धि का कारण (Grammatical Reason) |
|---|---|---|
| कृपया करके आप मेरी बात सुनें। | कृपया आप मेरी बात सुनें। (अथवा: कृपा करके...) | 'कृपया' और 'करके' दोनों का अर्थ एक ही है। दोनों का एक साथ प्रयोग व्यर्थ पुनरुक्ति है। |
| यहाँ केवल मात्र दो पुस्तकें रखी हैं। | यहाँ केवल दो पुस्तकें रखी हैं। (अथवा: मात्र दो पुस्तकें...) | 'केवल' और 'मात्र' समानार्थक हैं। |
| वह प्रातःकाल के समय टहलने जाता है। | वह प्रातःकाल टहलने जाता है। | 'काल' स्वयं समय का सूचक है, अतः अलग से 'समय' लगाना अशुद्ध है। |
| गुलाब का एक ताज़ा फूल ले आओ। | गुलाब का एक ताज़ा फूल ले आओ। (पदक्रम: 'एक' फूल से पहले) | 'ताज़ा गुलाब का एक फूल' गलत है क्योंकि गुलाब ताज़ा नहीं, फूल ताज़ा होता है। |
ग. लिंग एवं वचन संबंधी अशुद्धियाँ (Gender & Number Incongruities):
- अशुद्ध: मेरी आज बड़ा कष्ट हो रहा है। → शुद्ध: मुझे आज बड़ा कष्ट हो रहा है।
- अशुद्ध: वहाँ सभी श्रेणी के लोग उपस्थित थे। → शुद्ध: वहाँ सभी श्रेणियों के लोग उपस्थित थे।
- अशुद्ध: आपकी सौभाग्यवती कन्या का विवाह कब है? → शुद्ध: आपकी आयुष्मती (सौभाग्यकांक्षिणी) कन्या का विवाह कब है? (अविवाहित कन्या के लिए सौभाग्यवती नहीं, आयुष्मती का प्रयोग होता है)
- अशुद्ध: बंदूक एक बहुत उपयोगी अस्त्र है। → शुद्ध: बंदूक एक बहुत उपयोगी शस्त्र है। (हाथ में थामकर चलाया जाने वाला हथियार 'शस्त्र' और फेंककर मारा जाने वाला 'अस्त्र' कहलाता है)