1.1 सांद्रता की इकाइयाँ एवं तुलनात्मक विश्लेषण
विलयन के प्रति एकांक आयतन अथवा विलायक के निश्चित द्रव्यमान में उपस्थित विलेय की मात्रा को विलयन की सांद्रता (Concentration) कहते हैं:
- द्रव्यमान प्रतिशत (Mass % - $w/w$): $100\text{ g}$ विलयन में उपस्थित विलेय का ग्राम में द्रव्यमान:
$$\text{Mass }\% = \frac{w_B}{w_A + w_B} \times 100$$ - मोल-अंश (Mole Fraction - $x$): किसी घटक के मोलों की संख्या और विलयन के कुल मोलों का अनुपात:
$$x_A = \frac{n_A}{n_A + n_B}, \quad x_B = \frac{n_B}{n_A + n_B}, \quad \mathbf{x_A + x_B = 1}$$यह एक विमाहीन राशि है तथा ताप पर निर्भर नहीं करती। - मोलरता (Molarity - $M$): $1\text{ L}$ ($1000\text{ mL}$) विलयन में घुले विलेय के मोलों की संख्या:
$$M = \frac{n_B}{V_{\text{L}}} = \frac{w_B \times 1000}{M_B \times V_{\text{mL}}} \quad [\text{इकाई: }\text{mol L}^{-1}]$$
सावधानी: चूँकि आयतन ताप पर निर्भर करता है ($V \propto T$), अतः ताप बदलने पर मोलरता बदल जाती है! - मोललता (Molality - $m$): $1\text{ kg}$ ($1000\text{ g}$) विलायक में घुले विलेय के मोलों की संख्या:
$$m = \frac{n_B}{w_{A\text{ (kg)}}} = \frac{w_B \times 1000}{M_B \times w_{A\text{ (g)}}} \quad [\text{इकाई: }\text{mol kg}^{-1}]$$
विशेष लाभ: द्रव्यमान ताप पर निर्भर नहीं करता, अतः मोललता ताप से स्वतंत्र होती है और भौतिक रसायन में मोलरता से श्रेष्ठ मानी जाती है। - पार्ट्स प्रति मिलियन (ppm): अत्यंत तनु विलयनों (जैसे जल में प्रदूषण) हेतु:
$$\text{ppm} = \frac{w_B}{\text{विलयन का कुल द्रव्यमान}} \times 10^6$$