(क) रासायनिक अभिक्रिया के चार प्रमुख प्रेक्षण (लक्षण)
जब भी कोई रासायनिक अभिक्रिया संपन्न होती है, तो निम्नलिखित चार प्रेक्षणों में से कम से कम एक परिवर्तन अवश्य दृष्टिगोचर होता है:
- अवस्था में परिवर्तन (Change in State): जैसे हाइड्रोजन गैस ($H_2$) और ऑक्सीजन गैस ($O_2$) के परस्पर मिलने से द्रव जल ($H_2O$) बनता है।
- रंग में परिवर्तन (Change in Colour): जैसे लोहे की कील को नीले रंग के कॉपर सल्फेट ($CuSO_4$) के विलयन में डालने पर विलयन का रंग हल्का हरा ($FeSO_4$) हो जाता है तथा कील पर भूरे रंग की कॉपर की परत चढ़ जाती है।
- गैस का निकास या उत्सर्जन (Evolution of a Gas): दानेदार जस्ते (Zinc) पर तनु सल्फ्यूरिक अम्ल ($H_2SO_4$) डालने पर हाइड्रोजन गैस ($H_2$) के बुलबुले निकलते हैं, जो पॉप (Pop) ध्वनि के साथ जलती है।
- तापमान में परिवर्तन (Change in Temperature): कली चूने (CaO) में जल मिलाने पर अत्यधिक ऊष्मा उत्पन्न होती है और परखनली अत्यधिक गर्म हो जाती है।
(ख) रासायनिक समीकरण को संतुलित करना क्यों आवश्यक है?
द्रव्यमान संरक्षण का नियम (Law of Conservation of Mass): 18वीं शताब्दी में वैज्ञानिक एंटोनी लैवोजियर ने प्रतिपादित किया था कि "किसी भी रासायनिक अभिक्रिया में न तो द्रव्यमान का सृजन होता है और न ही विनाश।"
अतः अभिक्रिया के पहले उपस्थित अभिकारकों का कुल द्रव्यमान अभिक्रिया के पश्चात बनने वाले उत्पादों के कुल द्रव्यमान के ठीक बराबर होना चाहिए। इसका गणितीय नियम यह है कि तीर के निशान ($\to$) के बाईं ओर (LHS) प्रत्येक तत्व के परमाणुओं की संख्या दाईं ओर (RHS) के परमाणुओं की संख्या के पूर्णतः समान होनी चाहिए। जो समीकरण संतुलित नहीं होता, उसे कंकाली या ढांचा समीकरण (Skeletal Equation) कहते हैं।
| पदार्थ की भौतिक अवस्था | संकेत (Notation) | उदाहरण |
|---|---|---|
| ठोस (Solid) | (s) |
$Fe(s)$, $Zn(s)$, $CaCO_3(s)$ |
| द्रव (Liquid) | (l) |
$H_2O(l)$, $Br_2(l)$ |
| गैस (Gas) | (g) या ↑ |
$H_2(g)$, $O_2(g)$, $CO_2(g)$ |
| जलीय विलयन (Aqueous) | (aq) |
जल में घुला हुआ पदार्थ: $HCl(aq)$, $CuSO_4(aq)$ |
| अवक्षेप (Precipitate) | (ppt) या ↓ |
अघुलनशील ठोस उत्पाद: $BaSO_4(s)↓$ (सफेद अवक्षेप) |
(ग) समीकरण संतुलन की चरणबद्ध विधि (Hit and Trial Method)
उदाहरण: भाप पर लोहे की अभिक्रिया: $Fe + H_2O \to Fe_3O_4 + H_2$
- चरण 1: सूत्र के चारों ओर बॉक्स बना लें और बॉक्स के अंदर कोई परिवर्तन न करें।
- चरण 2: दोनों ओर तत्वों के परमाणुओं की सूची बनाएं:
• Fe: LHS = 1, RHS = 3
• H: LHS = 2, RHS = 2
• O: LHS = 1, RHS = 4 - चरण 3: सबसे अधिक परमाणु वाले तत्व (ऑक्सीजन) को पहले संतुलित करें: LHS में $H_2O$ के आगे 4 लगाएं $\to 4H_2O$।
- चरण 4: अब हाइड्रोजन को संतुलित करें: LHS में $4 imes 2 = 8$ हाइड्रोजन हैं, अतः RHS में $H_2$ के आगे 4 लगाएं $\to 4H_2$।
- चरण 5: लोहे (Fe) को संतुलित करें: RHS में 3 Fe हैं, अतः LHS में Fe के आगे 3 लगाएं $\to 3Fe$।
- संतुलित अंतिम समीकरण: $$3Fe(s) + 4H_2O(g) \to Fe_3O_4(s) + 4H_2(g)$$